श्वेत मलिक ने संसद में चैक बाउंसिंग की भ्रष्ट प्रथा के खिलाफ मांग उठाई 

अमृतसर (दीपक मेहरा) - प्रदेश भाजपा अध्यक्ष व राज्यसभा सांसद श्वेत मलिक ने शून्यकाल के दौरान राज्यसभा में कहाकि चैक बाउंसिंग के खिलाफ सख्त कानून की आवश्यकता है, ताकि भ्रष्ट लोग गलत चैक काटने की जुर्रत न करें। मलिक ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भ्रष्टाचार पर लगाम कसने की मुहीम की प्रशंसा करते हुए कहाकि भाजपा सरकार ने भ्रष्टाचार की रोकथाम के लिए एक सख्त क़ानून लाए, जैसे नोटबंदी, जीएसटी, बेनामी संपत्तियों पर सरकार का अधिकारन जन-धन योजना से लाभ सीधा गऱीब के खाते में लागू की लेकिन चेक बाउंसिंग के खतरे को भी एक प्रभावी तरीके से निपटने की जरूरत है, क्योंकि इसके परिणामस्वरूप कई निर्दोष लोगों ने आत्महत्या भी की है ।

मलिक ने कहा कि चेक बाउंसिंग ने हमारी अर्थव्यवस्था  को कैंसर की तरह जकड़ा हुआ है। कुछ सेवानिवृत्त वरिष्ठ नागरिकों ने अपने जीवन की बचत को जोखिम में डाला है और पोस्ट डेटेड चेक स्वीकार कर लेते हैं जो कि बाद में बाउंस हो जाते हैं। कड़े प्रावधानों व लम्बी क़ानूनी प्रक्रिया से घबरा कर काम राशि पर समझौता करने पर मजबूर हो जाते हैं, क्योंकि उनके पास कोई विकल्प नहीं होता है। मलिक ने सुझाव दिया कि सरकार को एक सख्त कानून बना कर पीडि़त लोगों को इन्साफ बिलाना चाहिए।