शेयर बाजार लगातार दूसरे हफ्ते धड़ाम 

मुंबई (उत्तम हिन्दू न्यूज): नकारात्मक वैश्विक संकेतों के बीच लगातार दूसरे हफ्ते भारतीय शेयर बाजारों में गिरावट दर्ज की गई, जिसमें डॉलर के खिलाफ लगातार गिरते रुपया और कच्चे तेल के दामों में तेजी का प्रमुख योगदान रहा। साप्ताहिक आधार पर सेंसेक्स 299.18 अंकों या 0.78 फीसदी की गिरावट के साथ 38,090.64 प र बंद हुआ, जबकि निफ्टी 73.90 अंकों या 0.64 फीसदी की गिरावट के साथ 11,515.20 पर बंद हुआ। बीएसई का मिडकैप सूचकांक 154.89 अंकों या 0.94 फीसदी की गिरावट के साथ 16,349.97 पर बंद हुआ, जबकि स्मॉलकैप सूचकांक 226.02 अंकों या 1.34 फीसदी की गिरावट के साथ 16,670.93 पर बंद हुआ। 

सोमवार को शेयर बाजार की नकारात्मक शुरुआत देखी गई और तेज गिरावट दर्ज की गई। सेंसेक्स 467.65 अंकों या 1.22 फीसदी की गिरावट के साथ 37,922.17 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 151 अंकों या 1.30 फीसदी की गिरावट के साथ 11,438.10 पर बंद हुआ। मंगलवार को एक बार फिर शेयर बाजारों में भारी गिरावट हुई और सेंसेक्स 509.04 अंकों या 1.34 फीसदी की गिरावट के साथ 37,413.13 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 150.60 अंकों या 1.32 फीसदी की गिरावट के साथ 11,287.50 पर बंद हुआ।

बुधवार को बाजार में तेजी आई और सेंसेक्स 304.83 अंकों या 0.81 फीसदी की तेजी के साथ 37,717.96 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 82.40 अंकों या 0.73 फीसदी की तेजी के साथ 11,369.90 पर बंद हुआ। गुरुवार को गणेथ चर्तुथी के दिन शेयर बाजार बंद रहे। शुक्रवार को सेंसेक्स 372.68 अंकों या 0.99 फीसदी की तेजी के साथ 38,090.64 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 145.30 अंकों या 1.28 फीसदी की तेजी के साथ 11,515.20 पर बंद हुआ। 

बीते सप्ताह सेंसेक्स के तेजी वाले शेयरों में प्रमुख रहे - एनटीपीसी (3.28 फीसदी), पॉवरग्रिड (1.97 फीसदी), एशियन पेंट्स (1.04 फीसदी), अडानी पोर्ट्स (0.78 फीसदी), लार्सन एंड टूब्रो (0.75 फीसदी), ओएनजीसी (0.44 फीसदी), इंफोसिस (0.28 फीसदी) और एचडीएफसी (0.16 फीसदी)। सेंसेक्स के गिरावट वाले शेयरों में प्रमुख रहे - हीरो मोटोकॉर्प (4.22 फीसदी), कोल इंडिया (2.96 फीसदी), महिंद्रा एंड महिंद्रा (2.36 फीसदी), आईसीआईसीआई बैंक (2.06 फीसदी), रिलायंस इंडस्ट्रीज (1.88 फीसदी), भारती एयरटेल (1.83 फीसदी), बजाज ऑटो (1.57 फीसदी), टाटा मोटर्स (3.98 फीसदी) और एचडीएफसी बैंक (1.39 फीसदी)।

आर्थिक मोर्चे पर, मासिक थोक मूल्य सूचकांक (डब्ल्यूपीआई) पर आधारित मुद्रास्फीति की दर अगस्त में 4.53 फीसदी (अनंतिम) रही, जबकि जुलाई में यह 5.09 फीसदी थी और साल 2017 के अगस्त में 3.24 फीसदी थी। ये आंकड़े शुक्रवार को जारी किए गए। वहीं, उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) पर आधारित मुद्रास्फीति अगस्त में गिरकर 3.69 फीसदी रही, जबकि जुलाई में यह 4.17 फीसदी दी। ग्रामीण क्षेत्रों में सीपीआई की दर अगस्त में 3.41 फीसदी, जबकि शहरी क्षेत्रों में 3.99 फीसदी रही। 

देश का कुल निर्यात अगस्त में 19.21 फीसदी बढ़कर 27.84 अरब डॉलर रहा, जबकि साल 2017 के अगस्त में यह 23.36 अरब डॉलर था। व्यापार घाटा अगस्त में बढ़कर 17.39 अरब डॉलर रहा, जबकि 2017 के अगस्त में यह 12.72 अरब डॉलर था।


 

Related Stories: