पुराने उत्पाद शुल्क और सेवाकर से जुड़े मामले निपटाने के लिए माफी स्कीम एक सितंबर से शुरू

नई दिल्ली (उत्तम हिन्दू न्यूज): पुराने सेवा कर एवं केन्द्रीय उत्पाद शुल्क से संबंधित लंबित मामलों के समाधान के उद्देश्य से सरकार एक सितंबर से ‘सबका विश्वास: पुराना विवाद समाधान स्कीम 2019’ शुरू करेगी।
 
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने देश में वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) लागू किये जाने के मद्देनजर सेवा कर और केन्द्रीय उत्पाद शुल्क से जुड़े लंबित मामलों के समाधान के लिए चालू वित्त वर्ष के बजट में इस योजना की घोषणा की थी। यह योजना 31 दिसंबर 2019 तक चलेगी। सरकार का मानना है कि बड़ी संख्या में करदाता अपने पुराने लंबित मामलों के समाधान के लिए इस स्कीम का लाभ उठायेंगे। इस स्कीम के दो मुख्य उद्देश्य हैं-विवाद समाधान और राहत देना। इसमें करदाताओं का पूर्ण ब्याज, जुर्माना आदि माफी किया जायेगा। इसके साथ ही करदाता को कानूनी प्रक्रिया से भी राहत मिल सकेगी। 

इस स्कीम में यदि 50 लाख रुपये के शुल्क का भुगतान किया जाना है तो इस पर 70 प्रतिशत की राहत मिल सकती है और यदि यह राशि 50 लाख रुपये से अधिक है तो 50 प्रतिशत की राहत मिलेगी।