लीबिया से आपूर्ति बाधित होने से कच्चे तेल में तेजी जारी

12:36 PM Feb 20, 2020 |

नई दिल्ली (उत्तम हिन्दू न्यूज) : लीबिया से कच्चे तेल की आपूर्ति बाधित होने के चलते तेल की कीमतों में तेजी का सिलसिला गुरुवार को जारी रहा। बीते 10 फरवरी के बाद से कच्चे तेल के दाम में तेजी का रूख बना हुआ है और इन दस दिनों में बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड का भाव करीब छह डॉलर प्रति बैरल बढ़ गया है। ब्रेंट क्रूड का दाम 10 फरवरी को अंतर्राष्ट्रीय वायदा बाजार इंटरकांटिनेंटली एक्सचेंज पर जहां 53.27 डॉलर प्रति बैरल पर बंद हुआ था, वहां गुरुवार को ब्रेंट क्रूड में 59.71 डॉलर प्रति बैरल को छूने के बाद 59.26 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार चल रहा था।

उधर, पेट्रोल और डीजल के दाम में बीते दो दिनों से स्थिरता बनी हुई है, लेकिन कच्चे तेल में तेजी आने के बाद अब पेट्रोल और डीजल के दाम में उपभोक्ताओं को राहत नहीं मिल पाएगी।

एंजेल ब्रोकिंग के डिप्टी वाइस प्रेसीडेंट (एनर्जी एवं करेंसी रिसर्च) अनुज गुप्ता ने आईएएनएस को बताया, "पहले तेल उत्पादक देशों का संगठन ओपेक और रूस द्वारा तेल के उत्पादन में अतिरिक्त कटौती करने का संकेत दिए जाने से तेल के दाम में तेजी आई, जिसे लीबिया में तनाव के कारण आपूर्ति बाधित होने से सपोर्ट मिला है।"

उन्होंने कहा, "कोरोनावायरस के प्रकोप के चलते चीन में परिवहन व उद्योग-धंधों पर पड़ने वाले असर और तेल की खपत घटने के कारण अंतर्राष्ट्रीय बाजार में इस महीने के आरंभ में तेल के दाम पर दबाव आया, लेकिन कोरोनावायरस के असर के चलते तेल की मांग जितनी घटेगी, उससे कहीं ज्यादा आपूर्ति घटने की आशंका है, क्योंकि लीबिया में तनाव के कारण तेल की आपूर्ति ठप हो गई है।"

इंडियन ऑयल की वेबसाइट के अनुसार, दिल्ली, कोलकाता, मुंबई और चेन्नई में गुरुवार को लगातार दूसरे दिन पेट्रोल का दाम बिना किसी बदलाव क्रमश: 71.89 रुपये, 74.53 रुपये, 77.56 रुपये और 74.68 रुपये प्रति लीटर पर बना हुआ था।

डीजल की कीमत भी स्थिरता के साथ क्रमश: 64.65 रुपये, 66.97 रुपये, 67.75 रुपये और 68.27 रुपये प्रति लीटर पर बनी हुई थी।

आईसीई पर अप्रैल डिलीवरी बेंट क्रूड के अनुबंध में पिछले सत्र के मुकाबले 0.15 फीसदी की तेजी के साथ 59.27 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार चल रहा था। वहीं, न्यूयार्क मर्के टाइल एक्सचेंज पर अमेरिकी लाइट क्रूड वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट यानी डब्ल्यूटीआई का अप्रैल अनुबंध 0.39 फीसदी की तेजी के साथ 54.09 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था।