दुनियाभर में करोड़ों लोगों के पर्सनल अकाउंट्स पर मंडरा रहा खतरा, ये है बड़ी वजह

लंदन(उत्तम हिन्दू न्यूज)- दुनियाभर में लाखों लोग अपने संवेदनशील अकाउंट्स के लिए ऐसे पासवर्ड्स का इस्तेमाल करते हैं जिनका आसानी से अनुमान लगाया जा सकता है। इनमें से सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाने वाला पासवर्ड है '123456'। साइबर सुरक्षा से जुड़ी एक स्टडी में यह पाया गया।

रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रिटेन के राष्ट्रीय साइबर सिक्योरिटी सेंटर (एनसीएससी) द्वारा की गई स्टडी में साइबर ज्ञान से जुड़ी उन कमियों को उजागर करने में मदद मिली, जिनके कारण लोग परेशानी में पड़ सकते हैं। एनसीएससी ने अपने पहले साइबर सर्वे में ऐसे सार्वजनिक डाटाबेस अकाउंट्स का विश्लेषण किया जिनमें सेंधमारी की जा चुकी थी और पता लगाया कि इन लोगों ने किन शब्दों, वाक्यांशों आदि का पासवर्ड के रूप में इस्तेमाल किया था। इस सूची में '123456' सबसे ऊपर पाया गया जिसे 2.3 करोड़ पासवर्ड्स में इस्तेमाल किया गया था। इसके बाद दूसरा सबसे प्रचलित पासवर्ड पाया गया '123456789' जिसे हैकर्स के लिए क्रैक करना बिल्कुल भी मुश्किल नहीं है। इसके अलावा अन्य पासवर्ड जो शीर्ष पांच में रहे उनमें 'क्यूडब्ल्यूईआरटीवाय', 'पासवर्ड' और '1111111' शामिल हैं।

पासवर्ड के तौर पर आमतौर पर जिन नामों का इस्तेमाल किया जाता है, वे हैं एश्ले, माइकल, डेनियर, जेसिका और चार्ली। पासवर्ड के रूप में प्रीमियर लीग फुटबॉल टीमों का प्रयोग भी काफी ज्यादा पाया गया। इनमें लिवरपूल पहले स्थान पर रहा और दूसरे स्थान पर रहा चेल्सी। एनसीएससी के टेक्निकल डायरेक्टर इयान लेवी ने कहा कि जो लोग पासवर्ड के लिए प्रचलित शब्दों या नामों का इस्तेमाल करते हैं, उनका पासवर्ड हैक होने का खतरा रहता है। सिक्योरिटी एक्सपर्ट ट्रॉय हंट का कहना है कि अपनी ऑनलाइन सिक्योरिटी के लिए लोगों के पास एक सही पासवर्ड का चुनाव ही एकमात्र और सबसे बड़ा तरीका है।