पंजाब के डीजीपी बने रहेंगे दिनकर गुप्ताः सीएम कैप्टन अमरिंदर 

03:05 PM Jan 17, 2020 |

चंडीगढ़ (उत्तम हिन्दू न्यूज)- पंजाब के डीजीपी दिनकर गुप्ता की नियुक्ति को चुनाैती देने वाली याचिका को आज  सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल (कैट) ने मंजूरी दे दी। ये याचिका वरिष्ठ आई.पी.एस. अधिकारियों सिद्धार्थ चट्टोपाध्याय और मोहम्मद मुस्तफा द्वारा दायर की गई है। उधर, एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि दिनकर गुप्ता पंजाब के डीजीपी बने रहेंगे। उन्होंने कहा कि इस मसले को कैट, यूपीएससी व अन्य अफसरों के बीच सुलझाया जाना चाहिए। कैप्टन का ये बयान इस मामले में बहुत ही महत्वपूर्ण है। 

दरअसल एंटी ड्रग स्पेशल टास्क फोर्स के डी.जी.पी. मोहम्मद मुस्तफा और पी.एस.पी.सी.एल. के डी.जी.पी. (1986 बैच के अधिकारी) सिद्धार्थ चटोपाध्याय ने पुलिस महानिदेशक पद के लिए नियुक्त किए गए दिनकर गुप्ता को कैट में चुनौती दी थी। दायर याचिका मेंं सिद्धार्थ चट्टोपाध्याय ने कहा है कि कि वह पंजाब के डीजीपी नियुक्त किए गए दिनकर गुप्‍ता से सीनियर हैं और मेरिट बेस में भी उनसे आगे है। इसलिए दिनकर गुप्‍ता से पहले डीजीपी बनने का अधिकार उन्हें मिलना चाहिए। वहीं 1985-बैच के अधिकारी मोहम्मद मुस्तफा के वकील ने अपनी दलील में कहा था कि डीजीपी लिस्ट में से वह सबसे सीनियर हैं। उनका पुलिस में रिकॉर्ड भी अच्छा रहा है। बता दें कि पंजाब ने दिनकर गुप्ता को पंजाब का डीजीपी नियुक्त किया था। मुस्तफा का नाम भी उस सूची में था और इसे पंजाब सरकार की ओर से यूपीएससी को भेजा गया था, लेकिन यूपीएससी की ओर से जिन तीन अधिकारियों का नाम शॉटलिस्ट किया गया उनमें मुस्तफा का नाम नहीं था।