देवरिया में बिना प्रत्याशी घोषित किये भाजपा कार्यकर्ता जुटे है प्रचार में

देवरिया (उत्तम हिन्दू न्यूज): उत्तर प्रदेश में देवरिया लोकसभा सीट पर चुनाव में भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) ने भले ही अभी तक किसी प्रत्याशी के नाम की घोषणा नही की है लेकिन पार्टी कार्यकर्ता चुनाव प्रचार में जुट गये है। देवरिया सीट पर मतदान अंतिम चरण में 19 मई को होगा। 

मौजूदा सांसद कलराज मिश्र के लोकसभा चुनाव नही लड़ने की घोषणा के बाद भाजपा ने इस सीट से अभी उम्मीवार तय नही है। कार्यकर्ता प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम पर भले की चुनाव प्रचार कर रहे है लेकिन हालात वही है जैसे बिना दुल्हे की बारात । 

सूत्रों का कहना है कि देवरिया सीट पर भाजपा का शीर्ष नेतृत्व को काफी गहन मंथन से गुजरना पड़ रहा है। भाजपा ने यहां बिना दुल्हे के बारात को सजाते हुये अपना प्रचार अभियान शुरू कर दी है। पिछले दिनों यहां पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष महेन्द्र नाथ पाण्डेय ने जीआईसी के मैदान में आकर महिला सम्मेलन और साइबर योद्धा सम्मेलन के माध्यम से पार्टी का चुनाव अभियान की शुरुआत की।

इसी तरह सूबे के उप मुख्यमंत्री केशव मौर्या पथरदेवा विधानसभा के नवतप्पी इंटर कालेज के मैदान में सोमवार को चुनावी सभा को सम्बोधित कर केन्द्र में भाजपा की सरकार बनाने के लिये जनता को कमल निशान पर वोट देने की अपील कर गये हैं। 

गौरतलब है कि देवरिया संसदीय क्षेत्र से कांग्रेस ने जहां नियाज़ अहमद को अपना प्रत्याशी बनाया है, वहीं सपा, बसपा और रालोद के गठबंधन ने यहां से बसपा के उम्मीदवार विनोद जायसवाल को अपना प्रत्याशी बनाकर क्षेत्र में प्रचार शुरू कर दिया हैं। 

क्षेत्रीय जनता का कहना है कि बिहार राज्य की सीमा से लगे इस संसदीय क्षेत्र में आज भी मूलभूत सुविधाओं का अभाव देखा जा सकता है। कभी चीनी का कटोरा कहे जाने वाला इस संसदीय क्षेत्र में एक-एक कर चीनी मिलें बंद होती गई। यहां के किसान गन्ने की खेती करने से मुंह मोड़ने लगे हैं। करीब तीन दशकों से ज्यादा समय से यह क्षेत्र इंसेफेलाइटिस बीमारी की चपेट में आता रहा है। देवरिया में मौजूदा सांसद कलराज मिश्र एक मेडिकल कालेज का शिलान्यास कराकर स्वास्थ्य सुविधा के प्रति लोगों में आस जगाकर गये हैं।