मधुमक्खियों को गर्मियों में भी छत्ते में मिलता है ठंडक का अहसास

 न्यूयॉर्क (उत्तम हिन्दू न्यूज): मधुमक्खियां घने छत्तों में एक साथ रहती हैं, फिर भी इनको गर्मियों में खुद ठंडक का अहसास मिलता है। हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के शोधकर्ता बताते हैं कि दरअसल, मधुमक्खियां अपने छत्ते का निर्माण ही कुछ इस प्रकार करती हैं कि जिससे गर्मियों में वह हवादार बना रहता है। शोधकर्ता बताते हैं कि जब मधुमक्खियों को ऐसा लगता है कि छत्ते के भीतर गर्माहट आ गई है या छत्ता अंदर से काफी गर्म हो गया है तो कुछ मधुमक्खियां छत्ते के प्रवेश द्वार या छिद्रों के पास चली जाती हैं और अपने पंखों को फड़फड़ाने लगती हैं जैसे कि पंखा चल रहा हो। इस प्रकार वे अंदर की गर्मी को बाहर निकाल देती हैं।

यह शोध-पत्र जर्नल ऑफ रॉयल सोसायटी इंटरफेस में प्रकाशित हुआ है। इसमें शोधकर्ताओं ने मानव निर्मित कई मधुमक्खियों के छत्तों पर प्रयोग किया। इसमें देखा गया कि पंखों को फड़फड़ाकर मधुमक्खियां अपने छत्ते को हवादार बनाती हैं और गर्मियों में भी अपने घरों में ठंडक का अहसास करती हैं। शोध-पत्र के प्रथम लेखक हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के जैकब पीटर्स ने कहा, हमने यह प्रदर्शित किया कि मधुमक्खियों को अपने छत्ते को ठंडा रखने के लिए कृत्रिम उपाय करने की जरूरत नहीं होती है।