आजम खान को पत्नी और बेटे संग रामपुर से सीतापुर जेल में किया गया शिफ्ट, जानें क्या है वजह

रामपुर (उत्तम हिन्दू न्यूज) : गिरफ्तारी के बाद समाजवादी पार्टी के सांसद आजम खान, पत्नी तजीन फातमा और बेटे अब्दुल्ला आजम को एक रात रामपुर जेल में गुजारनी पड़ी। इसके बाद गुरुवार तड़के उन्‍हें सीतापुर जेल में शिफ्ट कर दिया गया। पुलिस सुबह करीब 5 बजे आज़म खां, उनकी पत्नी तजीन फात्मा औऱ अब्दुल्ला आज़म को रामपुर के जिला कारागार से सीतापुर ले गई। जिलाधिकारी आंजनेय कुमार सिंह ने इसकी पुष्टि की है। वहीं, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव भी आज आजम खां से मुलाकात कर सकते हैं। 

दरअसल, रामपुर के एसपी ने कोर्ट से गुहार लगाई थी कि रामपुर जेल में आजम और उनके परिवार को रखने पर कानून-व्यवस्था गड़बड़ा सकती है, लिहाजा उन्हें बरेली या किसी अन्य जेल शिफ्ट किया जाए। इसके बाद 27 फरवरी को तड़के कड़ी सुरक्षा के बीच उन्‍हें सीतापुर जेल शिफ्ट किया गया। सीतापुर के जेल अधीक्षक डीसी मिश्रा ने इस बात की पुष्टि की।

इससे पहले सपा सांसद और पूर्व मंत्री आजम खां, उनकी विधायक पत्नी डॉक्टर तजीन फात्मा और बेटे अब्दुल्ला आजम को स्थानीय अदालत ने बुधवार को रामपुर जेल भेज दिया था। अदालत ने यह आदेश अब्दुल्ला के दो जन्म प्रमाण पत्र बनवाने के मामले में दिया था। 

बता दें कि आजम ने पत्नी और बेटे के साथ रामपुर की अदालत में आत्मसमर्पण किया था। इसके बाद इन सभी को 2 मार्च तक न्यायिक हिरासत में रखने का आदेश दिया गया था। आजम पर 85 मुकदमे दर्ज हैं। कई मुकदमों में आजम के साथ पत्नी तजीन और पुत्र अब्दुल्ला भी आरोपी हैं। तीनों पर पर दर्ज मुकदमों की सुनवाई कोर्ट में चल रही है लेकिन कोई भी सुनवाई के दौरान अदालत में पेश नहीं हो रहा था। 

इस पर अदालत ने उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट और संपत्ति कुर्क करने का आदेश जारी किया था। इस आदेश के जारी होने के बाद तीनों ने बुधवार दोपहर करीब 12.15 बजे एडीजे-6 धीरेंद्र कुमार की अदालत में आत्मसमर्पण किया। 
 
उनके वकीलों ने 17 मामलों में जमानत की याचिका लगा रखी थी। अदालत ने उन्हें आचार संहिता के उल्लंघन के पांच मामलों में जमानत दे दी। नौ मामलों में पुलिस से रिपोर्ट तलब की गई है। जबकि दो अन्य मामलों में बृहस्पतिवार को सुनवाई होगी। 

अब्दुल्ला के दो जन्म प्रमाण पत्र बनवाने के मुकदमे में कोर्ट ने जमानत की याचिका पर सुनवाई की तिथि दो मार्च तय की है। कोर्ट ने तब तक आजम, तजीन और अब्दुल्ला को न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया। इसके बाद कड़ी सुरक्षा में पुलिस ने तीनों को जिला कारागार रामपुर भेज दिया।

रामपुर के जिलाधिकारी आंजनेय कुमार सिंह ने बताया कि अदालत के आदेश पर आजम, उनकी पत्नी तजीन और बेटे अब्दुल्ला को कड़ी सुरक्षा के बीच जिला कारागार भेज दिया गया है। पूरे जिले में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम हैं। अगर किसी ने माहौल खराब करने की कोशिश की तो उससे सख्ती से निपटा जाएगा। जेल के आसपास भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है।