मत्स्य पालन के 2000 प्रोजैक्ट और लगाएं : जेपी दलाल

12:41 PM Jul 07, 2020 |

चंडीगढ़ (मोहन अरविंद): हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण, पशुपालन एवं डेयरिंग तथा मत्स्य विभाग के मंत्री श्री जयप्रकाश दलाल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे चालू वित्त वर्ष में मत्स्य पालन के 2,000 प्रोजेक्ट और लगाएं तथा कम से कम 5,000 युवाओं को जिला स्तर पर ट्रेनिंग दें ताकि राज्य के युवा आत्मनिर्भर बन सकें। उन्होंने प्रदेश में मत्स्य के क्षेत्र में प्रोसेसिंग यूनिट लगाने तथा गुरूग्राम में फिश-एक्वेरियम के लिए प्रोजेक्ट लगाने की संभावनाओं को तलाशने के भी निर्देश दिए।  दलाल आज यहां मत्स्य पालन विभाग के अधिकारियों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। इस अवसर पर मत्स्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री वी.एस कुंडु, विशेष सचिव एवं रोहतक के उपायुक्त श्री आर.एस वर्मा, निदेशक श्री एम.एस मलिक के अलावा अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।

दलाल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जलभराव वाले क्षेत्रों में मत्स्य पालन के अधिक से अधिक प्रोजेक्ट लगाने तथा खारा पानी में झींगा पालन के लिए युवाओं को प्रोत्साहित किया जाए। उन्होंने कहा कि अधिकारी परंपरागत प्रोजेक्ट पर तो कार्य करते रहें, साथ ही नए आइडिया के प्रोजेक्ट की रूपरेखा भी बनाएं और जरूरत पड़ी तो केंद्र सरकार से उनको स्वीकृत करवाने के लिए अनुरोध किया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के वर्ष 2022 तक किसानों की आमदनी दोगुनी करने के लक्ष्य का निर्धारित अवधि से पहले ही पूरा करना है  दलाल ने विभागीय अधिकारियों को विभाग की वैबसाइट अपडेट करने के निर्देश दिए ताकि मत्स्य पालन में रूचि रखने वाले युवाओं को विस्तृत जानकारी मिल सके। उन्होंने युवाओं को वितरित करने के लिए पंफलेट बनवाने के निर्देश दिए जिसमें विभाग की ताजा प्रोजेक्ट के मापदंड व नीतियों का विवरण दिया गया हो। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि विभाग द्वारा वर्ष 2015 से लेकर अब तक कितने युवाओं को मत्स्य पालन के लिए प्रोजेक्ट दिए गए और कितनी सब्सीडी दी गई, कितने प्रोजेक्ट सफल हुए, यह सब विवरण एक पोर्टल पर अपलोड किया जाना चाहिए।

उन्होंने अधिकारियों को अधिक से अधिक युवाओं को मत्स्य पालन के लिए जिला स्तर पर प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए। उन्होंने सुझाव दिया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में विषय-विशेषज्ञों के अलावा मत्स्य पालन के क्षेत्र में सफल-किसान से रूबरू करवाना चाहिए ताकि प्रशिक्षणकर्ता प्रेरित होकर मत्स्य पालन की तरफ प्रोत्साहित हो सकें। किसी मत्स्य पालन प्रोजेक्ट का दौरा भी करवाया जाना चाहिए।